लेख

खेल, संस्कृति और स्वास्थ्य: पारंपरिक खेलों की त्रिवेणी

राष्ट्रीय खेल दिवस मेजर ध्यानचंद जयंती पर विशेष नवनीत मिश्र “खेल जीवन का दर्पण हैं।” यह पंक्ति भारत की खेल…

11 months ago

बच्चों द्वारा भीख मांगना-(एक सामाजिक बुराई)

बलिया(राष्ट्र की परम्परा) यदि कोई भी व्यक्ति किसी किशोर अथवा बच्चे से भीख मंगवाता है अथवा इस उद्देश्य से रोजगार…

11 months ago

बच्चों द्वारा भीख मांगना-(एक सामाजिक बुराई)

बलिया (राष्ट्र की परम्परा)। यदि कोई भी व्यक्ति किसी किशोर अथवा बच्चे से भीख मंगवाता है अथवा इस उद्देश्य से…

11 months ago

नीली जींस में यूजेनिक्स के अवशेष

कल्पना पाण्डेय प्रवासियों के कारण नौकरियाँ खोने का भय है। 2024 की चुनाव प्रचार में रिपब्लिकन पार्टी ने ऐसा दावा…

11 months ago

अस्पताल से जिन्दा कैसे लौटे “बीमारी से बड़ी बन चुकी है इलाज की लूट”

आज अस्पताल जीवनदान से ज़्यादा भय और लूट का केंद्र बन गए हैं। नॉर्मल केस को वेंटिलेटर तक पहुँचाना, अनावश्यक…

11 months ago

ट्रंप का आर्थिक हथियार “50 पर्सेंट टैरिफ” बनाम मोदी का “प्लान 40”

केंद्र सरकार ने प्रभावित सेक्टरों की पहचान की है व उनके लिए क्रेडिट सपोर्ट, टैक्स रिबेट और एक्सपोर्ट सब्सिडी जैसी…

11 months ago

फ़िराक़ गोरखपुरी : उर्दू शायरी के उज्ज्वल ध्रुवतारा

जयंती पर विशेष ✍️ नवनीत मिश्रसंत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। उर्दू साहित्य जगत में फ़िराक़ गोरखपुरी का नाम अदब…

11 months ago

अर्धनग्न मुजरे के दौर में गुम होती साहित्यिक स्त्रियाँ

“सोशल मीडिया की चमक-दमक के शोर में किताबों का स्वर कहीं खो गया है।” इंस्टाग्राम और डिजिटल मीडिया का दौर…

11 months ago

भारत की शक्ति और हर वैश्विक साझेदारी का भविष्य-लोकतंत्र, जनसांख्यिकी और स्किल्ड वर्कफोर्स का संगम

भारत की शक्ति और वैश्विक परिदृश्य-लोकतंत्र, जनसांख्यिकी और स्किल्ड वर्कफोर्स की ताक़त हैँ गोंदिया-वैश्विक स्तरपर भारत आज केवल एक भौगोलिक…

11 months ago

सड़कें तेज़ी से बन रही हैं, लेकिन सुरक्षा पीछे छूट गई – हर साल लाखों ज़िंदगियाँ दांव पर

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)भारत आज गर्व से दुनिया को बता रहा है कि वह सबसे तेज़ी से सड़कें…

11 months ago