गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर विश्वविद्यालय के संस्कृत एवं प्राकृत भाषा विभाग में 10 दिवसीय संस्कृत संभाषण शिविर का समापन अत्यंत उत्साह पूर्वक किया गया। 10 दिवसीय संभाषण शिविर का संचालन डॉ. प्रकाश झा, संगठन मंत्री, संस्कृत भारती गोरक्ष प्रांत के द्वारा अत्यंत परिश्रमपूर्वक किया गया। इन्होने संस्कृत को सरल एवं व्यावहारिक बनाने के लिए 10 दिन में बहुत ही महत्वपूर्ण सार्थक प्रयास किया।
इस शिविर में लगभग 50 छात्रों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया।जिन्हें शिविर के माध्यम से शिक्षार्थियों के नित्य जीवन में संस्कृत प्रयोग का रोचक प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
शिविर में खेल खेल में विभिन्न गीतों के माध्यम से संस्कृत सरलता से सीखी जा सकती है इसका अनुभव भी प्राप्त किया। समापन सत्र में समस्त प्रतिभागियों ने अपनी-अपनी दक्षता से संबंधित एक-एक कार्यक्रम प्रस्तुत किया तथा अनुभव कथन भी कहे।
समापन सत्र की अध्यक्षता कर रहे प्रो. राजवंत राव ने संस्कृत को शब्दों के निर्माण का उत्स बताया तथा महत्वपूर्ण श्लोकों को उदाहरण रूप में प्रस्तुत किया।
मुख्य अतिथि डॉक्टर लक्ष्मी मिश्रा एवं संयोजक डॉक्टर रंजनलता के साथ विभाग के समस्त शिक्षक एवं बड़ी संख्या में छात्र उपस्थित रहे।
05 मार्च 2026 का राशिफल चैत्र माह के कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि पर आधारित…
5 मार्च का इतिहास: विश्व और भारत की महत्वपूर्ण घटनाएँ 5 मार्च का इतिहास –…
पंचांग 05 मार्च 2026: गुरुवार का विस्तृत पंचांग, राहुकाल, शुभ मुहूर्त और चंद्र राशि🗓 आज…
अमेठी (राष्ट्र की परम्परा)। रंगों और उमंग का पर्व होली इस बार Amethi जिले के…
रोहतक (राष्ट्र की परम्परा)। होली के दिन हरियाणा के Rohtak में एक बड़ा सड़क हादसा…
कोलंबो (राष्ट्र की परम्परा)। Sri Lanka के दक्षिणी तट के पास समुद्र में बुधवार को…