Political Opinion

स्वामीनाथन पर महाभियोग की कोशिश: लोकतांत्रिक संस्थाओं के लिए खतरनाक संकेत

किसी संवैधानिक पद पर आसीन व्यक्ति के विरुद्ध महाभियोग की प्रक्रिया कोई सामान्य राजनीतिक कदम नहीं होती। यह तभी उचित…

1 month ago

वादों की आंधी में ठहरी विकास की राह: नारों से आगे न बढ़ पाने की सच्चाई

कैलाश सिंह महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। लोकतंत्र में सत्ता तक पहुंचने का रास्ता अक्सर वादों से होकर गुजरता है। सरकारें…

2 months ago