मऊ (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद मऊ में बुनियादी शिक्षा को नवाचार और रचनात्मकता से जोड़ने के उद्देश्य से ‘प्रगति 2.0 बाल उत्सव मऊ’ का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में जिले के विभिन्न विकास खंडों से चयनित 60 छात्र-छात्राओं ने भाग लिया। जनपद स्तर पर आयोजित प्रतियोगिता के बाद 10 प्रतिभाशाली विद्यार्थियों का चयन मंडल स्तर की प्रतियोगिता के लिए किया गया।
ब्लॉक से जनपद स्तर तक पारदर्शी चयन प्रक्रिया
‘प्रगति 2.0 बाल उत्सव मऊ’ के तहत प्रत्येक विकास खंड से ब्लॉक नोडल अधिकारियों ने मेधावी और रचनात्मक छात्र-छात्राओं का चयन किया। कुल 60 प्रतिभागियों को जनपद स्तर पर आमंत्रित किया गया। चयन प्रक्रिया गुणवत्ता और पारदर्शिता के आधार पर संपन्न हुई।
दो प्रमुख प्रतियोगिताएं बनीं आकर्षण का केंद्र
जनपद स्तरीय आयोजन में विद्यार्थियों को दो श्रेणियों में प्रतिभा दिखाने का अवसर मिला—
• कॉमिक बुक पोस्टर प्रतियोगिता
• ‘मेरे बदलाव की कहानी’ प्रस्तुतीकरण
इन प्रतियोगिताओं का उद्देश्य बच्चों में सृजनात्मक सोच, सामाजिक समझ और आत्मविश्वास को बढ़ावा देना था।
कॉमिक पोस्टर में दिखी सामाजिक जागरूकता
कॉमिक बुक पोस्टर प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने शिक्षा, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, बालिका शिक्षा, डिजिटल साक्षरता और सामाजिक सुधार जैसे विषयों पर आकर्षक पोस्टर प्रस्तुत किए। कई बच्चों ने बाल श्रम, जल संरक्षण और नारी सशक्तिकरण जैसे मुद्दों को रचनात्मक अंदाज में दर्शाया।
निर्णायकों ने चित्रों के साथ पोस्टर के पीछे दिए गए संदेश और उसकी तार्किक व्याख्या के आधार पर मूल्यांकन किया।
‘मेरे बदलाव की कहानी’ में झलका आत्मविश्वास
इस प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने अपने जीवन में आए सकारात्मक बदलाव की प्रेरणादायक कहानियां साझा कीं। कुछ ने नियमित अध्ययन और शिक्षकों के मार्गदर्शन से मिली सफलता का जिक्र किया, तो कुछ ने डिजिटल शिक्षा और विद्यालयी गतिविधियों से हुए परिवर्तन को बताया।
प्रस्तुतीकरण शैली, स्पष्ट उच्चारण और प्रभावशाली संदेश के आधार पर निर्णायक मंडल ने प्रतिभागियों का चयन किया।
ये भी पढ़े – मतदान, जनमत संग्रह और सुरक्षा: बांग्लादेश संसदीय चुनाव की पूरी तस्वीर
10 विद्यार्थियों का मंडल स्तर के लिए चयन
कार्यक्रम के अंत में कुल 10 छात्र-छात्राओं का चयन मंडल स्तर की प्रतियोगिता के लिए किया गया।
• 5 प्रतिभागी कॉमिक बुक पोस्टर प्रतियोगिता से
• 5 प्रतिभागी ‘मेरे बदलाव की कहानी’ से
अब ये विद्यार्थी मंडल स्तर पर मऊ जिले का प्रतिनिधित्व करेंगे।
अधिकारियों ने बढ़ाया उत्साह
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी संतोष कुमार उपाध्याय ने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक हैं। उन्होंने बच्चों को अनुशासन, सकारात्मक सोच और निरंतर प्रयास की प्रेरणा दी।
वित्त एवं लेखा अधिकारी नीरज कुमार द्विवेदी और डायट के प्रवक्ताओं की उपस्थिति भी उल्लेखनीय रही। जिला समन्वयक (बालिका शिक्षा) अनिल चौरसिया ने कार्यक्रम के सफल संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
शिक्षा में नवाचार की दिशा में महत्वपूर्ण पहल
‘प्रगति 2.0 बाल उत्सव मऊ’ केवल एक प्रतियोगिता नहीं, बल्कि शिक्षा में रचनात्मक बदलाव की मजबूत पहल है। यह आयोजन विद्यार्थियों को अपनी कल्पनाओं को अभिव्यक्त करने और नेतृत्व क्षमता विकसित करने का अवसर देता है।
अब जिले को उम्मीद है कि चयनित विद्यार्थी मंडल स्तर पर भी उत्कृष्ट प्रदर्शन कर मऊ का नाम रोशन करेंगे।
Read this: https://ce123steelsurvey.blogspot.com/2025/12/important-geography-questions-for-up.html?m=1
गोरखपुर (राष्ट्र की परम्परा)। महायोगी गोरखनाथ विश्वविद्यालय के कृषि संकाय में शुक्रवार को "सतत कृषि…
शिक्षक एमएलसी चुनाव: बदलाव की मांग तेज संत कबीर नगर (राष्ट्र की परम्परा)। गोरखपुर-अयोध्या शिक्षक…
भागलपुर/देवरिया(राष्ट्र की परम्परा)l ग्रामीण क्षेत्रों में आवास निर्माण को लेकर व्याप्त समस्याओं और खामियों को…
देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। जिला सोनार समाज की आवश्यक बैठक पेड़ा गली, मालवीय रोड स्थित…
बसपा के कद्दावर नेता और रसड़ा विधायक उमाशंकर सिंह का निधन, पूर्वांचल की राजनीति में…
संतकबीरनगर (राष्ट्र की परम्परा)। राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) मेहदावल के प्रधानाचार्य उदय नारायण ने…