इथियोपिया ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को दिया सर्वोच्च नागरिक सम्मान, भारत-अफ्रीका मित्रता को मिला वैश्विक सम्मान
नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक और ऐतिहासिक अंतरराष्ट्रीय सम्मान प्राप्त हुआ है। अफ्रीकी महाद्वीप के प्राचीन और सम्मानित राष्ट्र इथियोपिया ने उन्हें अपने सर्वोच्च नागरिक सम्मान “ग्रेट ऑनर निशान ऑफ इथियोपिया” से सम्मानित किया है। यह सम्मान केवल किसी व्यक्ति विशेष को नहीं, बल्कि भारत-इथियोपिया के सदियों पुराने मैत्रीपूर्ण संबंधों, साझा संघर्षों और भविष्य की साझेदारी को समर्पित माना जा रहा है।
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इथियोपिया की राजधानी पहुंचने पर प्रधानमंत्री मोदी का भव्य और आत्मीय स्वागत किया गया। स्वयं प्रधानमंत्री डॉ. अबी अहमद अली एयरपोर्ट पर उन्हें रिसीव करने पहुंचे। इसके बाद पीएम मोदी ने फ्रेंडशिप पार्क और साइंस म्यूजियम का भ्रमण किया, जो दोनों देशों के सांस्कृतिक और तकनीकी सहयोग का प्रतीक माने जाते हैं। प्रधानमंत्री ने इस पूरे अनुभव को “अविस्मरणीय” बताते हुए इथियोपियाई जनता के प्रेम और अपनत्व के लिए आभार व्यक्त किया।
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सम्मान स्वीकार करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि यह पुरस्कार उन अनगिनत भारतीयों का सम्मान है जिन्होंने वर्षों से भारत-इथियोपिया संबंधों को मजबूत किया। उन्होंने 1896 के ऐतिहासिक संघर्ष में सहयोग देने वाले गुजराती व्यापारियों, इथियोपिया की स्वतंत्रता के लिए लड़े भारतीय सैनिकों, तथा शिक्षा और निवेश के क्षेत्र में योगदान देने वाले भारतीय शिक्षकों और उद्योगपतियों का विशेष उल्लेख किया। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि यह सम्मान इथियोपिया के उन नागरिकों का भी है जिन्होंने भारत पर विश्वास किया।
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प्रधानमंत्री मोदी ने अपने मित्र प्रधानमंत्री अबी अहमद के नेतृत्व की खुलकर प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि आज जब पूरी दुनिया ग्लोबल साउथ की ओर देख रही है, तब इथियोपिया की स्वाभिमान, स्वतंत्रता और आत्मगौरव की परंपरा सभी देशों के लिए प्रेरणा है। पर्यावरण संरक्षण, समावेशी विकास और विविधता में एकता जैसे विषयों पर इथियोपिया के प्रयासों को उन्होंने वैश्विक उदाहरण बताया।
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प्रधानमंत्री ने शिक्षा को किसी भी राष्ट्र की आधारशिला बताते हुए कहा कि भारत और इथियोपिया के रिश्तों में शिक्षकों की भूमिका सबसे अहम रही है। भारतीय शिक्षकों ने इथियोपिया की कई पीढ़ियों के निर्माण में योगदान दिया है, जो दोनों देशों के संबंधों की मजबूत नींव है।
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यह सम्मान न केवल प्रधानमंत्री मोदी की वैश्विक नेतृत्व छवि को और सुदृढ़ करता है, बल्कि भारत-अफ्रीका सहयोग को भी नई ऊंचाई प्रदान करता है।
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