सिकंदरपुर/बलिया (राष्ट्र की परम्परा)। बलिया जिले के ग्रामीण अंचलों में लोक आस्था के महापर्व छठ पूजा की अद्भुत छटा देखने को मिल रही है। गांव-गांव में भक्ति और श्रद्धा का माहौल व्याप्त है। मालदह, बघुड़ी, नवानगर, हुसैनपुर, बनहरा, रामपुर कटराई, मुंडेरा, सरनी और लखनापार समेत दर्जनों गांवों के घाटों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी।
महिलाओं ने दो दिनों के कठोर नियमों का पालन करते हुए नंगे पैर घाटों तक पहुंचकर डूबते सूर्य को अर्घ्य अर्पित किया। उनके साथ परिवारजन भी पूरे उत्साह से पूजा में शामिल रहे। घाटों को फूलों, दीपों, केले के पत्तों और रंग-बिरंगी सजावट से सुंदर रूप दिया गया था।
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नदी किनारे जलते दीपों की रौशनी से दृश्य अत्यंत मनमोहक प्रतीत हो रहा था। छठ के पारंपरिक गीतों से पूरा वातावरण भक्तिमय बन गया। महिलाएं अर्घ्य देते समय अपने पुत्रों की दीर्घायु, परिवार की सुख-समृद्धि और समाज के कल्याण की कामना कर रही थीं।
नगर पंचायत से लेकर ग्रामीण इलाकों तक लोगों ने उल्लास के साथ इस महापर्व में भाग लिया। श्रद्धालुओं की भीड़ ने घाटों को आस्था के केंद्र में बदल दिया। सोमवार की सुबह उदीयमान सूर्य को अर्घ्य देने के बाद व्रती व्रत का पारण करेंगी, जिसके साथ यह महापर्व पूर्ण होगा। पूरे क्षेत्र में “छठ मइया की जय” के जयकारों से भक्तिमय वातावरण छा गया।
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