लेख

क्या विकास का रास्ता बेईमानी से होकर जाएगा?

भागलपुर/देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। गांव में पेयजल कि आज का समस्याएं बढ़ती जा रही है हर कोई सक्षम नहीं जो…

1 year ago

हिंदी दिवस पर कहानी

एक सिंदूरी सुबह बंगलुरु के मेरे अपार्टमेंट की छोटी सी मगर प्यारी सी बालकनी जिसे हम सब घर वाले बहुत…

1 year ago

365 दिन अपने बलबूते खड़ी रहती है हिंदी

हिंदी पखवाड़ा पर केंद्रित हिंदी की खोज-खबर लेने का विशेष दिन है हिंदी दिवस. इस अवसर पर कुछ औपचारिक कार्यक्रम…

1 year ago

क्या आपने चखी है तोरई की तीखी चटनी? पढ़िए आसान रेसिपी

नई दिल्ली (राष्ट्र की परम्परा डेस्क)। सब्जी-रोटी हो या गरमागरम पराठे—अगर साथ में चटनी मिल जाए तो स्वाद दोगुना हो…

1 year ago

आने वाली पीढ़ियों से मत छीनिए उनका हरित भविष्य”

डा. विजय श्रीवास्तव संस्कृत का एक प्रसिद्ध वाक्य है— "अन्य क्षेत्रे कृतं पापं, तीर्थ क्षेत्रे विनश्यति; तीर्थ क्षेत्रे कृतं पापं,…

1 year ago

“एक दिवस में क्यों बंधे, हिन्दी का अभियानरचे बसे हर पल रहे, हिन्दी हिन्दुस्तान”

हिंदी दिवस केवल एक औपचारिक उत्सव न रह जाए, बल्कि यह हमारी चेतना और जीवन का स्थायी हिस्सा बने। भाषा…

1 year ago

“हिंदी में बसी है भारत की परंपरा और आत्मा”

प्राचीन भारत में साहित्य कला एवं संस्कृति में हिंदी का अभिन्न योगदान है व भारतीय समाज की आत्मा है- एडवोकेट…

1 year ago

परंपराओं से कटाव और समाज का विघटन

वामपंथी सोच और भारतीय संस्कृति: समृद्धि या विकृति? भारत, एक ऐसा देश जहां संस्कृति, धर्म, कला, और साहित्य की जड़ें…

1 year ago

आलेख

क्या यही चुनाव आयोग का काम है? बेशक, यह कहना तो शायद बहुत जल्दबाजी होगी कि बिहार में विशेष सघन…

1 year ago

“ट्रंप के लाडले चार्ली कर्क का मर्डर क्यों? – दुनियाँ के सामने सबसे बड़ा सवाल!”

गोंदिया - वैश्विक स्तरपर नेपाल में जेन जी आंदोलन अभी थमा ही नहीं है बल्कि उनमें ही आपसी फूट के…

1 year ago