
बिछुआ/मध्य प्रदेश (राष्ट्र की परम्परा)। शासकीय महाविद्यालय बिछुआ में प्राचार्य डॉ.आर. पी. यादव के संरक्षकत्व व आईक्यूएसी संयोजक डॉ. पूजा तिवारी के मार्गदर्शन में शासन की मंशानुरूप अंतरराष्ट्रीय पोषण अनाज वर्ष 2023 कार्यक्रम आयोजित किया गया।
इस अवसर पर “भारतीय त्यौहारों में मिलेट्स का महत्व” विषय पर कृषि विशेषज्ञ ब्रजेश दत्त अरजरिया, बोर्ड मेंबर जवाहर लाल नेहरू कृषि विश्व विद्यालय जबलपुर ने भारतीय त्यौहारों में मोटे अनाज अर्थात सुपर फूड के महत्व को सारगर्भित रुप से विस्तारपूर्वक बताया।
उन्होनें कहा कि भारत के कई त्यौहार अनाज से ही जुड़े हुए है। भारत एक कृषि प्रधान देश है। जिसकी संस्कृति में खेत-खलिहान, पशुधन और पोषक अनाजों का महत्वपूर्ण योगदान है।
उक्त कार्यक्रम विश्व के एसडीजी लक्ष्य क्रमांक 2 ज़ीरो हंगर से जुड़ा है। जिसका लक्ष्य पूरे विश्व में भुखमरी को दूर करना एवं समस्त लोगों को सुपर फूड उपलब्ध करवाना है। मोटे अनाज जैसे ज्वार, बाजरा, मक्का, रागी, कुटकी आदि सभी में सेहत के लिए फायदेमंद तत्व मौजूद है। इनके प्रति लोगों को जागरूक करना शासन के साथ’साथ हम सभी का भी कर्तव्य है।
कार्यक्रम का सफल संचालन डॉ. फरहत मंसूरी व आभार डॉ. वैशाली गुप्ता ने किया
आईक्यूएसी संयोजक डॉ. पूजा तिवारी बताया कि अंतरराष्ट्रीय पोषक अनाज वर्ष 2023 के अन्तर्गत आईक्यूएसी के तत्वावधान में समस्त विभागों द्वारा समय-समय पर महाविधालय में आगे अनेक कार्यक्रम, कार्यशाला, मिलेट्स रेसिपीज, स्लोगन प्रतियोगिता, टैगलाइन कंपीटिशन आदि आयोजित किए जाएंगे।
ऑनलाइन कार्यक्रम में रीवा से महेश शुक्ला सर, जबलपुर से डॉक्टर ध्रुव कुमार दीक्षित, एससी राय, डॉक्टर राजेंद्र प्रसाद मिश्रा, रायपुर से सुचित्रा शर्मा, भोपाल से जया, उमरिया से डॉक्टर नियाज़ अहमद अंसारी जुड़े रहे।
इस आभासी कार्यक्रम को सफल बनाने में डॉ. साक्षी सहारे, डॉ. नवीन वर्मा, डॉ. मनीषा आमटे, डॉ. नवीन चौरसिया, शशि उइके, डॉ. कविता चहल सहित महाविद्यालय परिवार सक्रिय रहा।
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