नीति निर्माण

शिक्षा, सत्ता और संवैधानिक विवेक: भारतीय लोकतंत्र का कठिन प्रश्न

जब पढ़ा खड़ा हो और अनपढ़ बैठा हो: लोकतंत्र में शिक्षा का अपमान डॉ. सत्यवान सौरभ किसी भी सभ्य समाज…

2 weeks ago

नारे गूंजे, नीतियां डगमगाईं: विकास की राह में क्यों उलझा शासन का असली एजेंडा?

कैलाश सिंह महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा) भारतीय लोकतंत्र में नारे अक्सर जनभावनाओं को जगाने का आसान साधन बने हैं, लेकिन…

2 months ago