251 कन्याओं की भव्य कलश यात्रा से गूंजा कम्हरिंया खुर्द, शुरू हुआ नौ दिवसीय हनुमंत महायज्ञ

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। महराजगंज के फरेंदा क्षेत्र अंतर्गत कम्हरिंया खुर्द गांव में सोमवार को आस्था, परंपरा और सामाजिक एकता का अद्भुत संगम देखने को मिला। नौ दिवसीय हनुमंत महायज्ञ के शुभारंभ पर 251 कन्याओं ने सिर पर कलश धारण कर भव्य शोभायात्रा निकाली। गाजे-बाजे और ‘जय श्रीराम’ के गगनभेदी नारों के बीच पूरा गांव भक्तिमय वातावरण में सराबोर हो गया।

गाजे-बाजे के साथ निकली कलश यात्रा

विधिवत पूजा-अर्चना के बाद यज्ञ स्थल से कलश यात्रा प्रारंभ हुई। यात्रा आंबेडकर तिराहा, मिल गेट और धानी ढाला होते हुए धानी नदी स्थित राप्ती घाट पहुंची।

रास्ते भर श्रद्धालुओं ने पुष्प वर्षा कर कलशधारी कन्याओं का स्वागत किया। घरों की छतों और दुकानों के सामने खड़े लोगों ने हाथ जोड़कर अभिनंदन किया। ढोल-नगाड़ों और भजन-कीर्तन की धुन से पूरा क्षेत्र गूंज उठा।

ये भी पढ़े – फागुन–चैत की बज उठी शहनाई: वसंत, होली और आम्रकुंज की अमराई का काव्य उत्सव

राप्ती घाट पर वैदिक अनुष्ठान

राप्ती घाट पर यज्ञाचार्य Krishna Mohan Tiwari ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच कलशों में पवित्र जल भरवाया। मंत्रों की स्वर लहरियों और जयघोष से घाट का वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया।

इसके बाद शोभायात्रा पुनः यज्ञ स्थल पहुंची, जहां वैदिक रीति से हनुमंत महायज्ञ का विधिवत शुभारंभ हुआ।

अतिथियों ने किया उद्घाटन

मुख्य अतिथि पूर्व प्रमुख Ram Prakash Singh ने फीता काटकर कार्यक्रम का उद्घाटन किया। उन्होंने कहा कि यज्ञ केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि समाज को जोड़ने का सशक्त माध्यम है। इससे सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है और आपसी भाईचारा मजबूत होता है।

विशिष्ट अतिथि पूर्व चेयरमैन एवं भाजपा नेता Rajesh Jaiswal ने कहा कि ऐसे आयोजनों से नई पीढ़ी को अपनी संस्कृति और परंपराओं से जुड़ने का अवसर मिलता है। सामूहिक सहभागिता से समाज में समरसता और सहयोग की भावना प्रबल होती है।

बड़ी संख्या में श्रद्धालु रहे उपस्थित

यज्ञ के यजमान सुनील पांडेय, ओंकार नाथ पांडेय सहित कई जनप्रतिनिधि और गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम की व्यवस्था में स्थानीय युवाओं की सक्रिय भूमिका रही।

सुरक्षा व्यवस्था के तहत उपनिरीक्षक मनीष कुमार राम, अरुण कुमार तथा फरेंदा पुलिस बल मुस्तैद रहा।

नौ दिनों तक होंगे धार्मिक आयोजन

नौ दिवसीय हनुमंत महायज्ञ के दौरान प्रतिदिन कथा, प्रवचन, भजन-कीर्तन और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए जाएंगे। समापन अवसर पर विशाल भंडारे का भी आयोजन प्रस्तावित है।
गांव और आसपास के क्षेत्रों में इस आयोजन को लेकर भारी उत्साह और उल्लास का माहौल बना हुआ है।

Read this: https://ce123steelsurvey.blogspot.com/2025/12/important-geography-questions-for-up.html?m=1#google_vignette

Karan Pandey

Recent Posts

मऊ: Rajesh Agrawal ने मृतक बीएलओ के परिवार को दी ₹15,000 की आर्थिक सहायता

मऊ (राष्ट्र की परम्परा)। मधुबन तहसील क्षेत्र के मित्तूपुर ग्राम की बीएलओ आशा देवी का…

5 minutes ago

महराजगंज: मिर्च के तीखे तेवर से तपी रसोई, फरवरी में दामों ने तोड़ा रिकॉर्ड

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। फरवरी का महीना इस बार आम लोगों के लिए महंगाई का…

10 minutes ago

पुलिस की सख्ती से अपराध नियंत्रण की पहल, देवरिया में चला विशेष मॉर्निंग चेकिंग अभियान

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद में कानून व्यवस्था को मजबूत बनाने और नागरिकों में सुरक्षा…

13 minutes ago

बलिया: Ghaghara River किनारे सफेद बालू का अवैध खनन तेज, प्रशासन की चुप्पी पर सवाल

बलिया (राष्ट्र की परम्परा)। जनपद के घाघरा नदी किनारे स्थित दुहा बिहरा क्षेत्र में इन…

1 hour ago

मऊ: जीवित पति को मृत दिखाकर पत्नी ले रही थी विधवा पेंशन, डीएम से शिकायत

मऊ (राष्ट्र की परम्परा)। जिले के थाना रामपुर क्षेत्र अंतर्गत लखनौर गांव के निवासी पवन…

1 hour ago

फरेंदा के गोपलापुर में कागजों में रिबोर, जमीन पर सूखा इंडिया मार्का हैंडपंप

महराजगंज (राष्ट्र की परम्परा)। जिले के फरेंदा विकास खंड अंतर्गत ग्राम पंचायत गोपलापुर में सरकारी…

1 hour ago