8 सीटों पर मतदान के बीच मोकामा में नीरज कुमार-अनंत सिंह समर्थक भिड़े, संजीव कुमार के घर पहुंची पुलिस से मचा सियासी बवाल

933 मतदान केंद्रों पर वोटिंग, 150 उम्मीदवारों की किस्मत दांव पर; शिक्षकों ने उठाई सम्मान और ग्रांट की मांग, 27 अक्टूबर को आएंगे नतीजे

पटना ( राष्ट्र की परम्परा) बिहार विधान परिषद की आठ सीटों पर शुक्रवार को मतदान के बीच सियासी हलचल तेज हो गई। स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में अपने प्रतिनिधि चुनने के लिए मतदाताओं में उत्साह दिखाई दिया, तो दूसरी ओर कई जगहों से राजनीतिक गहमागहमी, आरोप-प्रत्यारोप और समर्थकों के बीच तनाव की खबरें भी सामने आईं। मोकामा में जेडीयू प्रत्याशी नीरज कुमार और विधायक अनंत सिंह के समर्थकों के बीच भिड़ंत की सूचना ने चुनावी माहौल को और गर्म कर दिया। वहीं, राजद प्रत्याशी डॉ. संजीव कुमार के आवास पर पुलिस के पहुंचने को लेकर भी विवाद खड़ा हो गया। चुनाव के नतीजे 27 अक्टूबर को घोषित किए जाने हैं।
शुक्रवार सुबह आठ बजे से शुरू हुए मतदान के लिए पूरे बिहार में 933 मतदान केंद्र बनाए गए हैं। इनमें स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के 598 और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के 335 केंद्र शामिल हैं। आठ सीटों पर कुल 150 उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं। चुनाव प्रक्रिया पर नजर रखने के लिए निर्वाचन विभाग के कमांड एंड कंट्रोल रूम से मतदान केंद्रों की निगरानी की जा रही है। प्रशासन ने शांतिपूर्ण और निष्पक्ष मतदान के लिए सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं।
मोकामा में नीरज कुमार और अनंत सिंह समर्थकों के बीच भिड़ंत की खबर
बिहार एमएलसी चुनाव के दौरान मोकामा में जेडीयू प्रत्याशी नीरज कुमार और विधायक अनंत सिंह के समर्थकों के बीच कहासुनी के बाद भिड़ंत की खबर सामने आई। सूचना मिलने पर डीएसपी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और भीड़ को वहां से हटाकर स्थिति संभाली। रिपोर्ट के मुताबिक, पुलिस ने करीब पांच से छह लोगों को हिरासत में लिया। हालांकि, घटना के पूरे कारणों और हिरासत में लिए गए लोगों की भूमिका के संबंध में आधिकारिक विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है।
इसी बीच अनंत सिंह ने पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नीरज कुमार के घर जाने को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, “नीतीश जी हमर गुरु जी हैं, जहां ले जाते हैं, जाते हैं।” चुनावी मुकाबले को लेकर उन्होंने कहा, “ई रसगुल्ला वाला इलेक्शन नहीं है।” उनके इस बयान ने चुनावी चर्चा को और तेज कर दिया।
राजद प्रत्याशी के घर पहुंची पुलिस, तेजस्वी यादव ने लिखा- हम डरने वाले नहीं
मतदान से पहले राजद प्रत्याशी डॉ. संजीव कुमार के आवास पर पुलिस पहुंचने का मामला भी राजनीतिक विवाद का कारण बना। तेजस्वी यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर इस घटनाक्रम की जानकारी साझा करते हुए लिखा, “हम डरने वाले नहीं।”
पुलिस का कहना था कि डॉ. संजीव कुमार के घर के बाहर चार से पांच लोग पहुंचे थे, इसी मामले की जांच के सिलसिले में पुलिस वहां गई थी। दूसरी ओर, डॉ. संजीव कुमार ने आरोप लगाया कि पुलिस की कार्रवाई से उनके चुनाव को प्रभावित करने और उन्हें डराने की कोशिश की गई। उन्होंने दावा किया कि तलाशी के लिए वारंट नहीं दिखाया गया, इसलिए उन्होंने पुलिसकर्मियों को घर के भीतर प्रवेश नहीं करने दिया। उनके मुताबिक, पुलिस करीब दो घंटे तक बाहर मौजूद रही और वहां आठ वाहन खड़े थे। इन आरोपों पर संबंधित पक्षों की विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आने पर मामले की स्थिति और स्पष्ट होगी।
मतदान केंद्रों पर उमड़ी भीड़, पहले वोट डालने वालों में दिखा उत्साह
पटना के मिलर स्कूल और मीठापुर स्थित बी.डी. कॉलेज सहित कई मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की आवाजाही जारी रही। मिलर स्कूल में मतदान शुरू होने के बाद शिक्षक और स्नातक मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करने पहुंचे। एक मतदाता ने सबसे पहले वोट डालने पर खुशी जताते हुए कहा कि मतदान करना हर नागरिक का अधिकार है और सभी को इसका इस्तेमाल करना चाहिए।
पटना शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी नवल किशोर यादव की पत्नी भी सुबह मतदान करने पहुंचीं। वहीं, जेडीयू प्रत्याशी नीरज कुमार अपने आवास से विक्ट्री साइन दिखाते हुए मोकामा के लिए रवाना हुए। चुनाव के दौरान प्रत्याशियों और उनके समर्थकों की गतिविधियों पर भी लोगों की नजर बनी रही।
भाजपा प्रत्याशी नवल किशोर यादव बांकीपुर गर्ल्स स्कूल स्थित मतदान केंद्र का निरीक्षण करने पहुंचे। इस दौरान उनके साथ कई गाड़ियों का काफिला और सुरक्षाकर्मी मौजूद रहे। दूसरी ओर, कांग्रेस प्रत्याशी संजय यादव ने आरोप लगाया कि उनके कार्यकर्ताओं को परेशान किया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि मतदाताओं को प्रभावित करने के उद्देश्य से पिछली रात से बैंक खातों में पैसे भेजे जा रहे हैं। कांग्रेस प्रत्याशी ने इसे चुनावी नियमों का गंभीर उल्लंघन बताया। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
शिक्षकों ने उठाई सम्मान और ग्रांट की मांग
शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में मतदान के दौरान शिक्षकों ने अपनी समस्याओं और अपेक्षाओं को भी सामने रखा। पटना में वोट डालकर बाहर निकले कुछ शिक्षकों ने कहा कि उन्हें सम्मान मिलना चाहिए और उनके साथ सौतेला व्यवहार नहीं होना चाहिए। शिक्षकों ने सम्मान तथा अनुदान यानी ग्रांट से जुड़े मुद्दों को प्रमुख बताते हुए कहा कि उनकी मांगों पर गंभीरता से ध्यान दिया जाना चाहिए।
इस चुनाव में शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की सीटें इसलिए भी महत्वपूर्ण हैं, क्योंकि इनके जरिए शिक्षक समुदाय अपने प्रतिनिधियों का चयन करता है। मतदाताओं की अपेक्षा है कि निर्वाचित प्रतिनिधि शिक्षा व्यवस्था, शिक्षकों की सेवा शर्तों, सम्मान और अनुदान जैसे मुद्दों को प्रभावी ढंग से उठाएं।
सारण शिक्षक सीट पर 98 केंद्रों में मतदान
सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में शुक्रवार सुबह आठ बजे मतदान शुरू हुआ। छपरा समेत पांच जिलों में बनाए गए 98 मतदान केंद्रों पर शाम चार बजे तक वोट डालने की व्यवस्था की गई। इस सीट पर कुल 10,748 मतदाता पंजीकृत बताए गए, जबकि चुनाव मैदान में 18 प्रत्याशी हैं। प्रमुख उम्मीदवारों में जेडीयू के आनंद पुष्कर, राजद के प्रो. जयराम यादव और जन सुराज पार्टी के अफाक अहमद शामिल हैं।
जिलाधिकारी वैभव श्रीवास्तव और एसएसपी रोशन कुमार ने छपरा सदर अनुमंडल के डीसीएलआर कार्यालय स्थित मतदान केंद्र का निरीक्षण किया। अधिकारियों के मुताबिक, निर्धारित समय पर मतदान शुरू हुआ और शांतिपूर्ण मतदान के लिए सुरक्षा व्यवस्था की गई। मतदान केंद्रों के 200 मीटर के दायरे में भीड़ नियंत्रित रखने के इंतजाम किए गए। निर्वाचन संबंधी शिकायतों के लिए कंट्रोल रूम नंबर 06152-242444 जारी किया गया।
नीतीश कुमार भी चुनावी गतिविधियों पर नजर रखते दिखे
मतदान के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी पटना में सक्रिय नजर आए। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, वह करीब दस मिनट तक जेडीयू कार्यालय में रहे और इसके बाद मिलर स्कूल की ओर से गुजरे। इस दौरान चुनावी गतिविधियों को लेकर राजनीतिक हलचल बनी रही।
तिरहुत स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन 2026 के तहत जिला पदाधिकारी कुमार गौरव और वरीय पुलिस अधीक्षक कांतेश कुमार मिश्र ने सिटी पार्क के पास आईसीसीसी भवन स्थित मतदान केंद्र का निरीक्षण किया। अधिकारियों ने मतदान व्यवस्था का जायजा लिया और निष्पक्ष, पारदर्शी तथा शांतिपूर्ण मतदान सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।
आठ सीटों के लिए लाखों मतदाताओं की भागीदारी
उपलब्ध चुनावी आंकड़ों के मुताबिक, स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों में कुल 4,92,594 मतदाता पंजीकृत हैं। इनमें 3,55,522 पुरुष, 1,37,038 महिलाएं और 34 ट्रांसजेंडर मतदाता शामिल हैं। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में 40,253 मतदाता हैं, जिनमें 30,677 पुरुष, 9,573 महिलाएं और तीन ट्रांसजेंडर मतदाता बताए गए हैं। दोनों श्रेणियों को मिलाकर कुल मतदाताओं की संख्या 5,32,847 होती है।
चुनाव संपन्न कराने के लिए 3,732 मतदान कर्मियों की तैनाती की गई है। प्रत्येक मतदान केंद्र पर चार मतदान कर्मियों की व्यवस्था के साथ 933 सेक्शन ऑफिसर, 467 जोनल ऑफिसर और 311 सुपर जोनल ऑफिसर निगरानी में लगाए गए हैं। निर्वाचन विभाग का कमांड एंड कंट्रोल रूम मतदान प्रक्रिया पर नजर रख रहा है।
पटना से कोसी तक प्रमुख उम्मीदवारों के बीच मुकाबला
पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में जेडीयू के नीरज कुमार, कांग्रेस के डॉ. असदुल्लाह खान, राजद के दिलीप कुमार और जन सुराज के अनुज कुमार प्रमुख उम्मीदवार हैं। दरभंगा स्नातक सीट पर भाजपा के सर्वेश कुमार, कांग्रेस के रजनीकांत पाठक, राजद के अनिल कुमार झा और जन सुराज के मो. इम्तियाज के बीच मुकाबला है।
तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में जेडीयू के अभिषेक झा, राजद की डॉ. रश्मि विनायक गौतम, जन सुराज के विमोहन कुमार और निर्दलीय वंशीधर ब्रजवासी मैदान में हैं। कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा के एनके यादव, कांग्रेस के मनोज कुमार जायसवाल, राजद के नितेश कुमार और जन सुराज के रजनीश रंजन चुनाव लड़ रहे हैं।
शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की बात करें तो पटना में भाजपा के नवल किशोर यादव, कांग्रेस के डॉ. संजय यादव, राजद के डॉ. संजीव कुमार और जन सुराज की दिव्या ज्योति प्रमुख उम्मीदवार हैं। दरभंगा शिक्षक सीट पर जेडीयू के घनश्याम राय, कांग्रेस के मदन मोहन झा और जन सुराज के सुरेश प्रसाद राय के बीच मुकाबला है।
तिरहुत शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा के नरेंद्र प्रसाद सिंह, सीपीआई के संजय कुमार और जन सुराज के श्याम नंदन यादव मैदान में हैं। सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में जेडीयू के आनंद पुष्कर, राजद के प्रो. जयराम यादव और जन सुराज के अफाक अहमद प्रमुख प्रत्याशी हैं।
27 अक्टूबर को खुलेगा उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला
बिहार विधान परिषद की इन आठ सीटों पर मतदान के बाद अब सबकी नजर मतगणना और नतीजों पर रहेगी। स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के मतदाता अपने प्रतिनिधियों का चयन कर रहे हैं। चुनावी मुकाबले में प्रमुख दलों के साथ जन सुराज के उम्मीदवार भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराने की कोशिश में हैं।
मोकामा में समर्थकों के बीच तनाव, राजद प्रत्याशी के आवास पर पुलिस पहुंचने का विवाद, शिक्षकों की मांगें और प्रत्याशियों के आरोप-प्रत्यारोप ने चुनावी माहौल को चर्चा में ला दिया है। अब 27 अक्टूबर को घोषित होने वाले परिणाम बताएंगे कि इन आठ सीटों पर किस दल और उम्मीदवार को मतदाताओं का समर्थन मिला।

Editor CP pandey

Share
Published by
Editor CP pandey

Recent Posts

सर्दियों में घूमने का बना रहे हैं प्लान? भारत की इन 5 जगहों पर दिखेगा प्रवासी पक्षियों का अद्भुत नजारा

सर्दियों में पक्षियों का अद्भुत संसार! भारत की इन 5 खूबसूरत जगहों पर दिखेंगे रंग-बिरंगे…

2 hours ago

शुगर, बीपी और सेहत की चिंता… फिर राम कपूर ने बदली जिंदगी, जानिए उनका फिटनेस सफर

Ozempic लेने वालों को दी दो टूक सलाह, बोले—वर्कआउट का कोई शॉर्टकट नहीं 55 किलो…

2 hours ago

गुड मॉर्निंग देवरिया अभियान से सुरक्षा का भरोसा, मॉर्निंग वॉकर्स से पुलिस ने किया संवाद

देवरिया (राष्ट्र की परम्परा)। जिले में आमजन की सुरक्षा, महिला एवं बालिका सुरक्षा तथा पुलिस-जन…

2 hours ago

23 अक्टूबर विशेष: इतिहास के पन्नों में दर्ज वे महान व्यक्तित्व, जिनकी यादें आज भी हैं जीवंत

विशेष लेख | लेखक: अभिषेक कुमार इतिहास केवल तारीखों और घटनाओं का संग्रह नहीं, बल्कि…

4 hours ago