उतरौला/बलरापुर (राष्ट्र की परम्परा)l राप्ती नदी में आई भीषण बाढ़ से लोगों को राहत देने के लिए बनाये गये बाढ़ राहत केन्द्र पर बाढ़ पीड़ित ढूंढे नहीं मिल रहे हैं। बाढ़ राहत केन्द्र पर बाढ़ पीड़ितों को रहने के लिए प्रशासन ने चारपाई, बिस्तर, दवाई व खाने का इंतजाम कर रखा हैl लेकिन बाढ़ राहत केन्द्र पर बाढ़ पीड़ित रहने के लिए नहीं आ रहे हैं। एसडीएम उतरौला संतोष कुमार ओझा ने बताया कि उतरौला तहसील क्षेत्र के पांच बाढ़ राहत केन्द्र खोले गए हैं। इन केंद्रों पर बाढ़ से पीड़ित लोग अथवा बाढ़ में उनके घर गिर जाने अथवा नदी की कटान से प्रभावित लोगों के रहने के लिए विस्तर, चारपाई दवाई व खाने का इंतजाम कर दिया गया है। बाढ़ पीड़ित इस केन्द्र पर आकर रह सकते हैं और सरकारी सुविधाओं का लाभ ले सकते हैं। शुक्रवार को बाढ़ राहत केन्द्र बीज गोदाम उतरौला का जायजा लियाl तब केन्द्र पर बिछे चारपाई पर लगे विस्तर खाली पड़े मिले। सीएचसी उतरौला से आयी एएनएम व स्वास्थ्य कार्यकत्री मिली। उन्होंने बताया कि कोई भी बाढ पीड़ित इस केन्द्र पर रहने अथवा ठहरने के लिए नहीं आया।
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